बाल5 मिनट
एलो जैल लीव-इन: गीली लंबाई पर थोड़ी ताज़ा जैल, स्कैल्प पर ढेर नहीं
थोड़ी ताज़ा एलो जैल गीली लंबाई पर मलने से सूखे सिरे नरम लग सकते हैं। इसे स्कैल्प पर ढेर नहीं किया जाता। ज़्यादा जैल बालों को चिपका और लेप जैसा बनाती है।

एलो जैल लंबाई पर क्यों रहती है
एलो पत्ती की साफ़ जैल थोड़ी मात्रा में हल्की रहती है। गीली लंबाई पर फैलकर बिना भारी तेल के सूखती है। स्कैल्प पर ढेर लगाने से वही जैल जमता है, परत बनाता है, और खुजला सकता है। उपाय लंबाई पर छोटी मात्रा है।
सिरे खुरदुरे लगें तो लोग एलो की तरफ जाते हैं। यह सूखेपन की सहायक देखभाल है, जड़ से बाल झड़ने का दावा नहीं। एलो से पहले त्वचा बिगड़ी हो तो एक बूँद का पैच टेस्ट करें। स्कैल्प चिपका या खुजलाए तो धो दें।
सामग्री
- एक ताज़ा एलोवेरा पत्ती
- उसी एलोवेरा की अंदर की साफ़ जैल
- एलोवेरा जैल फैले नहीं तो पानी की कुछ बूँदें
बनाने की विधि
- एलोवेरा पत्ती काटें, साफ़ जैल निकालें, और पीला रस फेंक दें।
- थोड़ी जैल चिकनी होने तक मसलें। फैले नहीं तभी पानी की बूँद मिलाएँ।
इस्तेमाल का तरीका
- टपकते नहीं, गीले बालों की लंबाई पर बीच से सिरों तक थोड़ी जैल मलें।
- स्कैल्प पर ढेर न लगाएँ।
- सूखने दें। बाल चिपके लगें तो बाद में धो दें।
मददगार आदतें
- कंधे तक बालों के लिए मटर जितनी जैल काफ़ी है। सिरे अभी भी खुरदुरे हों तभी बढ़ाएँ।
- शाम तक स्कैल्प तैलीय हो जाए तो जड़ों पर जैल न लगाएँ।
सावधानियाँ
- सिर्फ़ थोड़ी ताज़ा एलोवेरा जैल गीली लंबाई पर मलें।
- स्कैल्प पर ढेर न लगाएँ।
- एलो से त्वचा बिगड़ी हो तो पैच टेस्ट करें। स्कैल्प खुजलाए या लेप जैसा लगे तो धो दें।
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
क्या एलो जैल स्कैल्प पर रात भर जमा सकते हैं?
- नहीं। गीली लंबाई पर थोड़ी जैल ही उपाय है। स्कैल्प पर ढेर न लगाएँ।
जैल कितनी लगाएँ?
- थोड़ी। बाल चिपके लगें तो इस लीव-इन से ज़्यादा लग गई है।
क्या पीला रस भी साफ़ जैल के साथ लगाएँ?
- नहीं। अंदर की साफ़ जैल लें। पीला रस त्वचा चुभा सकता है।



