आँखों की देखभाल3 मिनट
बंद पलकों पर ठंडे पानी के हल्के छींटे
गरमी या स्क्रीन के बाद बंद पलकों पर ठंडे पानी के हल्के छींटे चेहरा तरोताज़ा कर सकते हैं। आँखें बंद रहती हैं। यह घर का आईवॉश नहीं है।

पानी बंद पलकों पर, आँख के अंदर नहीं
यह आदत बंद पलक पर साधारण चेहरा धोना है, नल या स्टील के कप के साफ ठंडे पानी से। आँख खोलकर नहीं धोते, और घर के मिश्रण से आँख नहीं धोते।
आँख के अंदर कुछ नहीं जाता। घर का आईवॉश नहीं, और घी, गुलाब जल, दूध या खीरा आँख के अंदर नहीं जाता। घी केवल तलवों पर मलते हैं, यहाँ नहीं।
सामग्री
- एक कप साफ ठंडा पानी
- साफ हाथ
- नरम तौलिया
बनाने की विधि
- हाथ धोएँ। कप में साफ ठंडा पानी लें, गर्म नहीं।
- तौलिया पास रखकर बेसिन पर खड़े हों और छींटे से पहले आँखें बंद करें।
इस्तेमाल का तरीका
- आँखें पूरी बंद रखकर पलकों पर थोड़ा ठंडा पानी छिड़कें।
- चेहरा थपथपाकर सुखाएँ। आँखें रगड़ें नहीं।
- त्वचा सूखने के बाद ही आँखें खोलें।
मददगार आदतें
- ठंडा पानी काफी है। आँख पर बर्फ दबाना इस छींटे से ज़्यादा कड़ा है।
- आँख पर मेकअप हो तो धोने से पहले अपनी रोज़ की तरह हटा लें।
सावधानियाँ
- आँख के अंदर कुछ नहीं जाता। छींटे केवल बंद पलकों पर। घर का आईवॉश नहीं।
- घी, गुलाब जल, दूध या खीरा आँख के अंदर नहीं जाता। पानी में नमक, शहद या जड़ी-बूटी न मिलाएँ।
- चोटिल, दर्द भरी या डिस्चार्ज वाली आँख पर छींटे न मारें। डॉक्टर को दिखाएँ।
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
क्या यह आईवॉश है?
- नहीं। यहाँ घर का आईवॉश नहीं है। ठंडा पानी केवल बंद पलकों को छूता है। आँख के अंदर कुछ नहीं जाता।
क्या छींटे में गुलाब जल या नमक मिलाएँ?
- नहीं। सादा ठंडा पानी रखें। गुलाब जल, नमक, दूध, घी और खीरा आँख के अंदर नहीं जाते।
पानी फिर भी अंदर चला जाए तो?
- पलकें हल्के से बंद रखें और छींटा छोटा रखें। बाद में दर्द हो तो रोकें और डॉक्टर को दिखाएँ।



